लखनऊ (राजधानी न्यूज): उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के शिष्य आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज ने बुधवार को लखनऊ की हजरतगंज कोतवाली पहुंचकर उनके खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई है। आशुतोष महाराज ने डिप्टी सीएम पर ब्राह्मणों के अपमान और संतों के खिलाफ साजिश रचने के बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं।
आशुतोष महाराज ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि ब्रजेश पाठक ने पहले ब्राह्मणों का सौदा किया और अब वे संतों के पीछे पड़ गए हैं। उन्होंने दावा किया कि उनके पास इन आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत हैं।
माघ मेले में ‘षड्यंत्र’ का दावा: “कॉल डिटेल की हो जांच”
आशुतोष महाराज ने प्रयागराज माघ मेले का जिक्र करते हुए एक बड़ा खुलासा किया:
फोन कॉल का आरोप: उन्होंने आरोप लगाया कि डिप्टी सीएम ने चंद्र प्रकाश उपाध्याय के नंबर से शंकराचार्य को फोन किया था। उन्होंने कहा था, “आप धरना दीजिए और जब तक मैं आकर पानी न पिलाऊं, तब तक धरना खत्म मत करना।”
अपराध और सनातन: महाराज के अनुसार, यह एक बड़ा राजनीतिक षड्यंत्र था जिससे सनातन धर्म की छवि को ठेस पहुंची है। उन्होंने पुलिस से डिप्टी सीएम के कॉल डिटेल (CDR) की जांच कराने की मांग की है।

पुलिसिया कार्रवाई और फेसबुक पोस्ट का विवाद
शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया पर आशुतोष महाराज ने बताया:
पुलिस का रुख: शुरुआत में थाना प्रभारी ने शिकायत लेने से मना कर दिया, जिसके बाद वे DSP के पास पहुंचे। डीएसपी ने आश्वासन दिया है कि मामले की जांच की जाएगी और साक्ष्य मिलने पर केस दर्ज होगा।
सोशल मीडिया पर वार: हजरतगंज पहुंचने से पहले महाराज ने फेसबुक पर ब्रजेश पाठक के साथ अपनी तस्वीर साझा करते हुए लिखा था कि वे ब्राह्मणों के अपमान का बदला लेंगे और मुकदमा दर्ज कराएंगे।
बता दें कि आशुतोष ब्रह्मचारी वही हैं जिन्होंने पूर्व में शंकराचार्य पर बटुकों के यौन उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए FIR दर्ज कराई थी। अब डिप्टी सीएम को निशाने पर लेने से प्रदेश की सियासत और धार्मिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।



