इंटर स्टेट गैंग आईएस-227 (IS-227) का सरगना और यूपी का सबसे कुख्यात माफिया अतीक अहमद एक बार फिर सुर्खियों में है। वजह कोई नई पुलिस फाइल नहीं, बल्कि बॉलीवुड की बहुचर्चित फिल्म ‘धुरंधर 2 – द रिवेंज’ है। इस फिल्म में यूपी की सबसे बड़ी सनसनी यानी उमेश पाल हत्याकांड और सरेआम कैमरे के सामने हुए अतीक-अशरफ मर्डर का पूरा घटनाक्रम हूबहू पर्दे पर उतारा गया है। प्रयागराज से लेकर सोशल मीडिया तक अतीक के असली वीडियो, फिल्म के सीन, डायलॉग्स और आईएस-227 गैंग के खौफनाक कारनामों को लेकर एक नई और तीखी बहस छिड़ गई है।
पर्दे पर ‘आतिफ’ बनकर लौटा खौफ: हूबहू शक्ल और विदेशी नेटवर्क की इनसाइड स्टोरी
फिल्म ‘धुरंधर’ की ऐतिहासिक सफलता के बाद रिलीज हुई ‘धुरंधर 2’ का सबसे बड़ा यूएसपी (USP) माफिया अतीक अहमद का किरदार है। कानूनी पचड़ों और विवादों से बचने के लिए डायरेक्टर ने फिल्म में किरदार का नाम भले ही ‘आतिफ’ रखा है, लेकिन पर्दे पर उसकी शक्ल, चाल-ढाल और भौकाल बिल्कुल आईएस-227 के सरगना जैसा ही है। सिनेमाघरों में फिल्म देखकर निकल रहे युवाओं का कहना है कि उन्हें अतीक के काम करने के तरीके और उसके विदेशों में फैले नेटवर्क के बारे में कई ऐसी ताजा और खुफिया जानकारियां मिली हैं, जो पहले सिर्फ चर्चाओं में थीं। दर्शकों का एक धड़ा इसे डायरेक्टर का शुद्ध ‘बॉलीवुड तड़का’ बता रहा है, तो कुछ इसे यूपी के अंडरवर्ल्ड की कड़वी सच्चाई मान रहे हैं। फिल्म ने सोशल मीडिया पर टीका-टिप्पणी की बाढ़ ला दी है।
कैमरे के सामने मर्डर और पाकिस्तान कनेक्शन: रोंगटे खड़े कर देने वाले सीन वायरल
उमेश पाल हत्याकांड के बाद पुलिस और जांच अधिकारियों ने माफिया अतीक के पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी और हथियारों के तस्करों से जुड़े कनेक्शन का बड़ा खुलासा किया था। ‘धुरंधर 2’ में इस ‘पाकिस्तानी एंगल’ को पूरी प्रमुखता और विस्तार के साथ पर्दे पर दिखाया गया है, जिसने दर्शकों के बीच भारी उत्सुकता पैदा कर दी है। सबसे ज्यादा चर्चा और बहस उन सीन्स को लेकर हो रही है जो सीधे तौर पर अतीक की असल जिंदगी के आखिरी पलों से जुड़े हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर धड़ाधड़ क्लिप्स वायरल हो रही हैं, जिन पर यूजर्स अपनी तीखी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
बेटे के जनाजे में न जा पाना और मेडिकल के दौरान सरेआम मौत की गूंज
“फिल्म का क्लाइमेक्स दर्शकों को सीधे 15 अप्रैल 2023 की उस खौफनाक रात में ले जाता है। पर्दे पर माफिया के अपने बेटे के जनाजे में शामिल न हो पाने की बेबसी और उसके ठीक बाद पुलिस कस्टडी में मेडिकल के लिए ले जाते समय कैमरे के सामने सरेआम गोलियों से भून दिए जाने का लाइव रीक्रिएशन किया गया है। अतीक और अशरफ की हत्या का यह सीन इतना सजीव है कि सिनेमाघरों में कुछ पल के लिए सन्नाटा छा जाता है। आज यूपी के लोकल व्हाट्सएप ग्रुप्स से लेकर फेसबुक और एक्स (ट्विटर) तक हर जगह फिल्म के खूंखार डायलॉग्स और अतीक के पुराने असली वीडियो को मिक्स करके शेयर किया जा रहा है। इस सिनेमाई प्रस्तुति ने प्रयागराज के इस पुराने खौफ को एक बार फिर डिजिटल दुनिया का सबसे बड़ा और ट्रेंडिंग टॉपिक बना दिया है।”


